बुधवार, 4 मार्च 2015

होली के रंग...


होली के रंग
पुलकित है मन
पिया के संग


प्रीत फ़ुहार
पिचकारी की धार
टेसू  के संग

मन मलंग
बिन पिए ही भंग
बना पतंग

मस्ती- उमंग
रिश्तो में घुले रंग
भीगा फ़ागुन

बिखरे रंग
खिल उठा मन में
इंद्रधनुष

नीर अमिय
सहेजो बूँद-बूँद
भरो सागर

रंग गई मैं
पहन चुनरिया
उनके रंग

आप सभी को सपरिवार रंगोत्सव होली की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं ... 



15 टिप्‍पणियां:

  1. होली की बहुत बहुत बधाई और हार्दिक शुभकामनायें

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  2. रंगों से सराबोर सुंदर रचना…रंगोत्सव की हार्दिक शुभकामनाएँ :))

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  3. आपकी इस प्रस्तुति का लिंक 5-3-2015 को चर्चा मंच पर हम कहाँ जा रहे हैं { चर्चा - 1908 } पर दिया जाएगा
    धन्यवाद

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  4. बिखरे रंग
    खिल उठा मन में
    इंद्रधनुष.....बहुत ही सुन्दर , शुभकामनायें

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  5. सुन्दर व सार्थक प्रस्तुति..
    होली की हार्दिक शुभकामनाएँ।

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  6. आपको सपरिवार होली की हार्दिक शुभकामनायें संध्या जी ! फाग का समांं बांधते बहुत ही मनभावन हाइकू !

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  7. फागुनी रंग में रंगे लाजवाब हाइकू .. सबको होली की बधाई और मंगल कामनाएं ...

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  8. होली की मस्ती में पगे सुंदर शब्द..होली मुबारक...

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  9. आपको सपरिवार होली की हार्दिक शुभकामनाएँ !

    कल 06 /मार्च/2015 को आपकी पोस्ट का लिंक होगा http://nayi-purani-halchal.blogspot.in पर
    धन्यवाद !

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  10. बहुत ही सुंदर होली रचना। होली की आपको ढेरों बधाईयां।

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  11. सहेजा अमिय बूंदों को .. बहुत सुन्दर .

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  12. सुन्दर रचना.बहुत बधाई आपको .

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